Homeबोकारोसीसीएल सीएमडी ने कथारा एरिया का किया दौरा, वितीय वर्ष में 100...

सीसीएल सीएमडी ने कथारा एरिया का किया दौरा, वितीय वर्ष में 100 टन कोयला का उत्पादन पर दिया जोर

सीसीएल सीएमडी ने कथारा एरिया का किया दौरा, वितीय वर्ष में 100 टन कोयला का उत्पादन पर दिया जोर

Bermo: सीसीएल के सीएमडी नीलेंदु कुमार सिंह रविवार को कथारा एरिया का दौरा किया. दौरे के क्रम में
कथारा कोलियरी, जारंगडीह कोलियरी, स्वांग गोविंदपुर फेस टू और कथारा वाशरी का निरीक्षण किया. इस दौरान क्षेत्र के महाप्रबंधक संजय कुमार, अन्य विभागों के प्रमुख और परियोजनाओं के पीओ समेत कई अधिकारी मौजूद थे.
इसके बाद अधिकारियों के साथ बैठक की। बैठक में 2024-25 वित्तीय वर्ष के लिए उत्पादन पर विमर्श किया गया। सीएमडी ने प्रेस को बताया कि इस वितीय वर्ष में 100 मिलियन टन कोयला उत्पादन लक्ष्य को हासिल किया जाएगा, जबकि आने वाले वर्षों में यह लक्ष्य 160 से 180 मिलियन टन तक बढ़ाया जाएगा.

सीएमडी ने बताया कि कथारा क्षेत्र 4.42 मिलियन टन उत्पादन लक्ष्य को हासिल करेगा और इसकी उत्पादन क्षमता 10 मिलियन टन तक बढ़ाई जा सकती है. इसके लिए नई खदानें, नई जगहों का समावेश, और पुराने खदानों का विस्तारितकरण आवश्यक होगा.

उन्होंने कहा कि सीसीएल कोयला उत्पादन के साथ-साथ सामाजिक कार्य को भी करती है. कोयला चोरी पर अंकुश लगाया जाएगा. इसके लिए सीसीएल तकनीक का उपयोग करेगी, जैसे आईटी इनिशिएटिव, वेवबृजेज, बूम बैरियर, आरएफआईडी टैग, ड्रोन का इस्तेमाल करेगी. खदान का बाउंड्री सर्वे की योजना बनाई जा रही है. इसके अलावा झारखंड सरकार के एडीजी के साथ मिलकर कोयला चोरी रोकने के लिए कार्रवाई की जाएगी.

झिरकी गांव में आग पर काबू पाने और खदान विस्तार के लिए सीएमपीडीआई से सहयोग लिया जा रहा है. जारंगडीह कोलियरी के विस्तार के लिए टाटा ब्लॉक और ढोरी माता तीर्थालय की शिफ्टिंग की योजना भी बनाई जा रही है.

कथारा वाशरी सहित 5 नई वाशरी का निर्माण हो रहा है, जिनकी कुल उत्पादन क्षमता 14.5 मिलियन टन होगी. कथारा वाशरी का टेंडर प्रक्रिया पूरी हो चुकी है और 2028 से उत्पादन शुरू होने की संभावना है. क्षेत्र के बेहतर उत्पादन और डिस्पैच के लिए मुख्यालय स्तर से हर संभव संसाधन और उपकरण उपलब्ध कराए जाएंगे.

RELATED ARTICLES

Most Popular

error: Content is protected !!